भारत हाई अलर्ट पर! सुहास शेट्टी का सफाया, उत्तराखंड में उबाल – जानिए इस पूरे घटनाक्रम की पृष्ठभूमि और संभावनाएं
📅 03 मई 2025 | ग्लोबल अपडेट्स
✍️ विशेष रिपोर्ट: टीम ग्लोबल अपडेट्स (Investigation Desk)
🔴 देश में हाई अलर्ट – क्या है वजह?
हाल के सप्ताहों में भारत के विभिन्न हिस्सों में आतंकी गतिविधियों के इनपुट लगातार सामने आ रहे थे। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) कार्यालय और RAW द्वारा साझा की गई रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान स्थित आतंकी समूह “तहरीक-ए-हिंद” एक बड़े हमले की योजना बना रहा था। इनपुट के आधार पर केंद्रीय गृह मंत्रालय ने 2 मई की रात को हाई अलर्ट जारी कर दिया।
खुफिया जानकारी में यह भी संकेत मिला कि देश के दक्षिण और उत्तर क्षेत्रों में एक साथ दो मोर्चों पर गड़बड़ी फैलाने की साजिश थी।
⚠️ कर्नाटक में ऑपरेशन ‘ब्लैक स्पाइडर’: सुहास शेट्टी का अंत
🧠 कौन था सुहास शेट्टी?
सुधाकर उर्फ़ सुहास शेट्टी, मूल रूप से मंगलुरु का रहने वाला, एक सामान्य कॉलेज छात्र से लेकर अंतरराष्ट्रीय आतंकी नेटवर्क तक का सफर तय कर चुका था। NIA की जांच के अनुसार:
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2019 में दुबई में एक संदिग्ध इस्लामिक ग्रुप से संपर्क में आया
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2021 में पाकिस्तान के कराची में आतंकी प्रशिक्षण लिया
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2023 से वह बेंगलुरु में डिजिटल आतंकवाद, फंडिंग और सोशल मीडिया रिक्रूटमेंट जैसे गतिविधियों में सक्रिय था
🎯 ऑपरेशन कैसे हुआ?
RAW और IB के संयुक्त इनपुट के आधार पर NIA और कर्नाटक ATS ने 2 मई की रात को बेंगलुरु के येलहंका क्षेत्र में छापा मारा। करीब 45 मिनट तक चली मुठभेड़ में सुहास शेट्टी ढेर कर दिया गया। उसके पास से लैपटॉप, 3 फर्जी पासपोर्ट, हाई-एंड एन्क्रिप्शन वाले सैटेलाइट फोन, और भारत के 8 शहरों में मौजूद स्लीपर सेल्स की सूची मिली।
⚠️ उत्तराखंड में तनाव – अचानक क्यों बिगड़ा माहौल?
🔍 हालिया घटनाक्रम:
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टिहरी और पिथौरागढ़ में संदिग्ध लोगों की आवाजाही दर्ज की गई
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30 अप्रैल को धारचूला में सेना की पेट्रोलिंग टीम पर पत्थरबाज़ी
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नेपाल सीमा से सटी बस्तियों में कुछ बाहरी लोगों की गतिविधि संदिग्ध पाई गई
📍 क्या कह रही हैं रिपोर्ट्स?
IB की रिपोर्ट के अनुसार, “रेड स्नो ऑपरेशन” नामक एक योजना के तहत, आतंकियों की कोशिश उत्तर भारत में “soft targets” पर हमला करने की थी, जैसे कि धार्मिक स्थल, पर्यटन केंद्र और रेलवे नेटवर्क। उत्तराखंड, हिमाचल और जम्मू में इसीलिए सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिए गए हैं।
🏛️ राजनीतिक प्रतिक्रिया और राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति
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गृह मंत्री अमित शाह ने उच्चस्तरीय बैठक बुलाई और “एक राष्ट्र, एक सुरक्षा नेटवर्क” योजना को तेजी से लागू करने के निर्देश दिए।
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रक्षा मंत्रालय ने इंडियन आर्मी और एयरफोर्स को विशेष निर्देश दिए हैं कि वे सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रियता बढ़ाएं।
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राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल खुद हालात की निगरानी कर रहे हैं।
🧠 विश्लेषण: क्या यह भारत के खिलाफ ‘हाइब्रिड वॉर’ है?
सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि भारत के खिलाफ “हाइब्रिड वॉरफेयर” छेड़ा जा चुका है। यानी:
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फिजिकल अटैक: सीमावर्ती और मेट्रो शहरों में हमलों की योजना
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साइबर अटैक: सरकारी पोर्टल्स और बैंकिंग सिस्टम को निशाना बनाना
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डिजिटल प्रोपेगेंडा: सोशल मीडिया के जरिए अफवाहें फैलाना
🗣️ जनता से अपील
सरकार और सुरक्षा एजेंसियों ने सभी नागरिकों से शांति बनाए रखने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना 112 हेल्पलाइन या नजदीकी पुलिस स्टेशन में देने की अपील की है। सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही अफवाहों से सावधान रहने की सलाह भी दी गई है।













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